इवेंटउत्तराखण्डनैनीतालपर्यटन

जी-20 समिट में भविष्य में मानव स्वास्थ्य के लिए परिवेश के अध्ययन और सर्विलांस पर जोर

खबर शेयर करें 👉

रामनगर। जी 20 देशों के बीच वैज्ञानिक आदान-प्रदान और नीति निर्माण के लिए आयोजित सम्मेलन अगली बार ब्राजील में मिलने के आह्वान के साथ संपन्न हो गया है। उत्तराखंड के रामनगर में हुए इस सम्मेलन की अध्यक्षता भारत के प्रमुख वैज्ञानिक सलाहकार डॉ अजय सूद ने की।

इस सम्मेलन में अठारह देशों के 51 प्रतिनिधियों के अलावा विश्व व्यवस्था में दखल रखने वाली अंतर्राष्ट्रीय संस्थाओं के प्रतिनिधि भी शामिल रहे। सम्मेलन के बाद मीडिया से मुखातिब होकर डॉ अजय सूद ने सम्मेलन को सफल बताया। कहा कि भविष्य में विज्ञान और प्रौद्योगिकी के लाभों को लेकर नीति निर्माण और विश्व बिरादरी के वैज्ञानिकों को एक मंच पर लाकर भविष्योन्मुख रणनीति पर काम किया जा रहा है।

उन्होंने कहा की प्रमुख वैज्ञानिक सलाहकारों का सम्मेलन जी 20 में पहली बार हुआ है और यह भारत की अध्यक्षता की एक उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि सम्मेलन में वन हेल्थ एक बड़े विषय के रूप में चर्चा में रहा। कोरोना महामारी के बाद भविष्य में मानव स्वास्थ्य के लिए परिवेश के अध्ययन और सर्विलांस पर जोर दिया गया। इसके लिए ग्यारह विभाग आगामी चर्चा में शामिल रहेंगे। दूसरा मुद्दा विज्ञान और प्रौद्योगिकी से जुड़े अनुसंधानों को सर्वसुलभ बनाए जाने का था। ताकि नए आविष्कारों और खोज के बारे में जानकारी आसानी से मिल सके।

डॉ सूद ने कहा कि जनजातीय समुदायों और अल्पसंखयक समूहों के पारंपरिक ज्ञान के संरक्षण और उसे मुख्यधारा में लाए जाने पर चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि दुनिया के देशों के बीच एक वैज्ञानिक तालमेल और एकीकृत आधारभूत वैज्ञानिक संरचना बनाने पर सहमति जताई गई। बैठक में तय हुआ कि ब्राजील में अगली बैठक में इन्हीं मुद्दों पर भावी रणनीति और नए विषय रखे जायेंगे। पत्रकार वार्ता में उनके साथ प्रमुख वैज्ञानिक सलाहकार की सचिव डॉo मनी, विदेश मंत्रालय के नमन कुमार भी शामिल रहे। सभी प्रतिनिधि तीस मार्च को सुबह कॉर्बेट नेशनल पार्क में सफारी के बाद वापिस लौट जायेंगे।

Daleep Singh Gariya

संपादक - देवभूमि 24

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *